हरित पाठशाला एवं पौधारोपण कार्यक्रम
आज के समय में पर्यावरण संरक्षण सबसे बड़ी आवश्यकता बन गया है। वनों की कटाई, प्रदूषण और ग्लोबल वार्मिंग जैसी समस्याएँ तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे में विद्यालयों में विद्यार्थियों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करना अत्यंत आवश्यक है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए हमारे विद्यालय में “हरित पाठशाला एवं पौधारोपण कार्यक्रम” का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम को सफल बनाने में अशोका फ़ाउंडेशन ने सहयोग किया और विद्यालय को विभिन्न प्रकार के पौधे दान किए।
कार्यक्रम का आयोजन विद्यालय परिसर में बड़े उत्साह और हर्षोल्लास के साथ किया गया। सुबह सभी विद्यार्थी, शिक्षकगण और अतिथि समय पर प्रांगण में एकत्रित हुए। सबसे पहले प्रधानाचार्य महोदय ने पौधारोपण के महत्व पर अपने विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि पेड़ हमारे जीवन का आधार हैं। यदि हमें शुद्ध वायु, स्वच्छ जल और संतुलित वातावरण चाहिए तो हमें अधिक से अधिक पौधे लगाने होंगे।
इसके बाद अशोका फ़ाउंडेशन के प्रतिनिधि ने विद्यार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि फाउंडेशन का उद्देश्य विद्यालयों को हरा-भरा बनाना और बच्चों में पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करना है। इसी श्रृंखला में उन्होंने विद्यालय को फलदार, छायादार और औषधीय पौधों का दान दिया।
पौधारोपण कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों और प्रधानाचार्य द्वारा पौधे लगाकर की गई। उसके बाद प्रत्येक कक्षा के छात्रों को पौधे दिए गए और उन्होंने अपने-अपने समूह के साथ विद्यालय परिसर में पौधे लगाए। बच्चों ने गड्ढे खोदकर पौधों को लगाया, उन्हें पानी दिया और उनकी देखभाल की जिम्मेदारी भी ली। पौधे लगाते समय बच्चों के चेहरे पर जो प्रसन्नता थी, वह सचमुच देखने योग्य थी।
शिक्षकों ने विद्यार्थियों को यह भी समझाया कि पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी देखभाल करना भी हमारी जिम्मेदारी है। पौधे तभी वृक्ष बनेंगे जब हम उन्हें नियमित रूप से पानी देंगे और उनकी सुरक्षा करेंगे। इसलिए हर कक्षा को अपने-अपने लगाए गए पौधों की देखरेख का उत्तरदायित्व सौंपा गया।
पौधारोपण कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के सभी छात्रों और शिक्षकों ने संकल्प लिया कि वे इस हरित पहल को आगे बढ़ाएँगे और अपने घरों तथा आसपास के क्षेत्रों में भी पौधे लगाएंगे। अशोका फ़ाउंडेशन ने भी आश्वासन दिया कि वे समय-समय पर विद्यालय को और पौधे उपलब्ध कराते रहेंगे और बच्चों को पर्यावरण शिक्षा में सहयोग करेंगे।
“हरित पाठशाला एवं पौधारोपण कार्यक्रम” न केवल विद्यालय परिसर को हरा-भरा बनाने की दिशा में एक कदम था, बल्कि यह विद्यार्थियों के भीतर पर्यावरण के प्रति जिम्मेदारी की भावना जगाने वाला भी था। अशोका फ़ाउंडेशन द्वारा दान किए गए पौधे विद्यालय के लिए एक बहुमूल्य उपहार साबित हुए। इस प्रकार का आयोजन निश्चित ही आने वाली पीढ़ियों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति सजग और संवेदनशील बनाएगा।


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